खतरे में साँप – Class 1 Hindi Chapter 8 Notes & NCERT PDF

Class 1HindiChapter 8NCERT book: सारंगी - हिंदी कक्षा 1

Notes and a simple summary of Chapter 8 of the NCERT Class 1 Hindi book, with the official chapter PDF, flashcards, an MCQ quiz and an AI tutor for your doubts.

🎧 Listen to the content

पाठ 8: खतरे में साँप

परिचय

"खतरे में साँप" इकाई 2 (जीव-जगत) की एक "सुनें कहानी" है, जिसके लेखक चंदन यादव हैं। यह एक छोटी, मज़ेदार कहानी है जो एक मुहावरे — "सिर पर पैर रखकर भागना" — के शब्दशः अर्थ से हँसी पैदा करती है। पाठ में आगे "जंगल" चित्र पर बातचीत, आनंदमयी कविता "कबरी झबरी बकरी" (प्रभात), कागज़ मोड़कर कुत्ते का चेहरा बनाना, 'र' की पहचान और शब्दों-चित्रों से कहानी बनाने की गतिविधियाँ हैं।

पाठ में क्या है

1. कहानी "खतरे में साँप" —

  • सारे जानवर इकट्ठे हुए। बात चल रही थी कि खतरे में अपनी जान कैसे बचाएँ। देर तक बहस चली।
  • अंत में सबको बंदर की सलाह ठीक लगी। बंदर की सलाह थी कि खतरे के समय "सिर पर पैर रखकर भागना" सबसे अच्छा है।
  • बातचीत समाप्त हुई और सारे जानवर अपने-अपने ठिकाने चले गए।
  • सिर्फ़ साँप एक-दूसरे का मुँह ताकते देर तक वहीं बैठे रहे।
  • हँसी यह है कि साँपों के पैर ही नहीं होते — तो वे "सिर पर पैर रखकर" कैसे भागें! "सिर पर पैर रखकर भागना" एक मुहावरा है, जिसका अर्थ है बहुत तेज़ी से भागना।

    2. चित्र और बातचीत "जंगल" — चित्र में कौन-कौन से जानवर हैं, कौन क्या कर रहा है, आपने इनमें से कौन-से जानवर देखे हैं और कहाँ; जानवरों के रहने के स्थान, पालतू और जंगली जानवर।

    3. आनंदमयी कविता "कबरी झबरी बकरी" (– प्रभात) —

    बकरी कबरी, बकरी झबरी, कबरी झबरी बकरी;
    आगे निकली कबरी बकरी, पीछे रह गई झबरी।

    दोनों बकरियाँ साथ चली थीं, पर आगे-पीछे हो गईं।

    4. आओ कुछ बनाएँ — चौकोर कागज़ को मोड़कर तिकोना बनाना, फिर दो छोटे तिकोने मोड़कर कान बनाना, नीचे का तिकोना मोड़कर मुँह बनाना और आँखें-मुँह बनाकर कुत्ते का चेहरा तैयार करना।

    5. शब्दों का खेल — आओ 'र' पहचानें: रोटी, रानी, रेल, रमा, रसगुल्ला, रस्सी; गिलहरी, बकरी, रिमझिम, गिरगिट, खरगोश में 'र' खोजकर घेरा लगाना; अक्षर जोड़कर शब्द बनाना (घोड़ा, हाथी, मिठाई, गाड़ी आदि)।

    6. कहानी सुनाइए — खरगोश, भालू, कछुआ, चिड़िया, बंदर, दौड़ना — इन शब्दों और चित्रों से कहानी बनाकर कक्षा में सुनाना।

    मुख्य बातें

  • मुहावरा — "सिर पर पैर रखकर भागना" = बहुत तेज़ भागना।
  • हर जानवर अलग होता है; जो सलाह एक के लिए ठीक है, वह दूसरे के लिए ठीक न हो — साँप के पैर नहीं होते।
  • जानवरों के रंग-रूप का वर्णन — कबरी (चितकबरी, धब्बों वाली) और झबरी (घने, लंबे बालों वाली) बकरी।
  • निर्देश ध्यान से सुनकर कागज़ मोड़ना।
  • शब्द-भंडार

  • इकट्ठे – एक जगह जमा
  • खतरा – मुसीबत, डर की बात
  • बहस – किसी बात पर लंबी चर्चा
  • सलाह – राय, सुझाव
  • ठिकाना – रहने की जगह
  • ताकना – एकटक देखना
  • कबरी – धब्बेदार (चितकबरी)
  • झबरी – घने-लंबे बालों वाली
  • मुहावरा – ऐसा वाक्यांश जिसका अर्थ शब्दों से अलग हो
  • अभिभावकों और शिक्षकों के लिए सुझाव

  • बच्चे से पूछें — साँप वहीं क्यों बैठे रह गए? उन्हें समझने दें कि साँप के पैर नहीं होते।
  • पूछें — क्या तुम कभी 'सिर पर पैर रखकर' भागे हो? कब और क्यों?
  • साँप को क्या सलाह देंगे? (जैसे — झाड़ियों में सरककर छिप जाना) — बच्चे की कल्पना को स्वीकार करें।
  • कागज़ से कुत्ते का चेहरा बनाते समय एक-एक निर्देश दें और बच्चे को अपनी गति से काम करने दें।
  • सामान्य भूलें

  • मुहावरे का शब्दशः अर्थ ले लेना — "सिर पर पैर रखना" सच में नहीं, इसका अर्थ है बहुत तेज़ भागना।
  • यह समझना कि सलाह साँप ने दी — सलाह बंदर ने दी थी।
  • 'कबरी' और 'झबरी' को उलट देना — कविता में कबरी आगे निकली, झबरी पीछे रह गई।
  • 'र' वाले शब्द खोजते समय बीच या अंत में आए 'र' को छोड़ देना (बकरी, गिलहरी, खरगोश)।
  • 💡 Key Learning Points

    • ✓जानवरों ने खतरे में जान बचाने पर बहस की; बंदर की सलाह थी — 'सिर पर पैर रखकर भागना'।
    • ✓सब चले गए, पर साँप एक-दूसरे का मुँह ताकते रह गए — क्योंकि उनके पैर ही नहीं होते।
    • ✓मुहावरा 'सिर पर पैर रखकर भागना' का अर्थ है बहुत तेज़ भागना।
    • ✓कविता 'कबरी झबरी बकरी' — कबरी आगे निकली, झबरी पीछे रह गई।
    • ✓कागज़ मोड़कर कुत्ते का चेहरा बनाना और 'र' वाले शब्द पहचानना।

    👨‍🏫 Teaching Tips

    • →कहानी सुनाने के बाद 'सिर पर पैर रखकर भागना' मुहावरे के अर्थ पर चर्चा करें।
    • →बच्चों से पूछें — क्या वे कभी सिर पर पैर रखकर भागे हैं? क्यों और कब?
    • →पूछें — कौन-कौन से कीड़े या जानवर साँप की तरह वहीं बैठे रह जाएँगे? (जैसे केंचुआ)
    • →'जंगल' चित्र पर जानवरों के रहने के स्थान, पालतू और जंगली जानवरों पर बात करें और बच्चों को अपनी भाषा में बोलने के अवसर दें।
    • →'कबरी झबरी' कविता के बाद 'झबरा', 'कबरा', 'बकरा' से तुकबंदी करके नई कविता बनवाएँ।
    • →कागज़ मोड़ने के निर्देश एक-एक करके दें और बच्चों को अपनी गति से काम करने की स्वतंत्रता दें।
    • →शब्द-चित्रों (खरगोश, भालू, कछुआ, चिड़िया, बंदर, दौड़ना) से हर बच्चे को अपनी कहानी बनाने दें।

    📋 Assessment Questions

    1. क्या बच्चा बता पाता है कि साँप वहीं क्यों बैठे रह गए?
    2. क्या बच्चा 'सिर पर पैर रखकर भागना' का अर्थ अपने शब्दों में बता पाता है?
    3. क्या बच्चा निर्देश सुनकर कागज़ से कुत्ते का चेहरा बना पाता है?
    4. क्या बच्चा शब्दों में 'र' खोज पाता है?
    5. क्या बच्चा दिए गए शब्दों से छोटी कहानी बना पाता है?